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26 October 2010

वो चिड़िया अब नहीं चहकेगी.......

वो नाज़ुक सी कली
वो नन्हीं सी परी
जो हर पल मुस्कुराती थी
माँ के आँचल में
बाबुल के आँगन में
वो चिड़िया
अब नहीं चहकेगी
क्योंकि .......?????

21 comments:

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  1. good message...good wishes for all ..keep it up yaswant ji

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  2. मासूम सी खूबसूरत रचना का आभार ।

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  3. प्रश्न आपका मुश्किल नहीं है पर उत्तर बहुत मुश्किल

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  4. 1.5/10


    क्योंकि ?????????????

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  5. :( bahut mushkil sawal hai.... yashwant... kam shabd gahari baat

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  6. अरे ! यश मामासाब, आपका ब्लॉग तो बहुत अच्छा है ....यहाँ आकर आपकी आवाज़ भी सुनी मैंने :)
    अनुष्का

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  7. क्यूंकि?????????????? आपने तो ढेरो वैचारिक रास्तों के किसी संगम में छोड़ दिया. .....

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  8. ऑडियो अभिनन्दन बहुत ही अच्छा लगा!

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  9. क्योंकि.......उस १० साल की छोटी सी बच्ची को गुरु शिष्य का रिश्ता कलंकित करते हुए मार डाला गया.और पुलिस चिता पर सिर्फ रोटियाँ सेकने का काम कर रही है.भला हो हिन्दुस्तान टाइम्स ग्रुप का जिन्होंने उस बच्ची की गरीब माँ का बैंक खाता खुलवाया और अपने समाचार पत्रों के माध्यम से कानपुर के इस प्रकरण को इतना उभारा कि अब पुलिस की जांच शायद सही दिशा में जा रही है.

    ये कविता समर्पित है उसी छोटी सी बच्ची को जो अब हम सब से बहुत दूर जा चुकी है.

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  10. संजय जी,सुनील जी,उस्ताद जी,दिव्या जी,मोनिका जी, sweet heart Anushka,एवं वंदना जी आप सभी का बहुत बहुत धन्यवाद.

    @उस्ताद जी,@ दिव्या जी ..क्योंकि???(इसे मैंने स्पष्ट कर दिया है ऊपर की टिप्पणी में.)

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  11. bhaavpurn, chhoti si maarmik kavita...sundar sandesh.

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  12. ओह! आपकी टिप्पणी से स्पष्ट हुआ..

    क्या कहें..

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  13. [मूल्यांकन से बाहर पोस्ट]

    बहुत ह्रदयविदारक और शर्मनाक घटना

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  14. बहुत शर्मनाक घटना
    आपकी टिप्पणी से स्पष्ट हुआ

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  15. बहुत सही किया आपने कि टिप्पणी दी ...
    शर्मनाक घटना ..... ये तो एक घटना है जो सामने आई है वरना ऐसी कियी मासूम चिड़िया रोज़ मारी जाती है ...

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  16. maarmik tathya par likhi kavita.... hridayvidarak hai!!!
    kyunki ke uttar sada durooh hi hote hain...
    jane kyun...

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  17. बहुत अफ़सोस होता है.... यशवंत जब आये दिन ऐसे सवाल हमारे सामने खड़े होते हैं | आपकी टिप्पणी से कविता में उठाया सवाल और भी मुश्किल हो गया...क्यूँकि....? :(

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  18. अपने विचार/अपनी टिप्पणी देने के लिए आप सभी का आभार और धन्यवाद.

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